उत्तराखंड (देहरादून) 26 मार्च2025: पूर्व सीएम व वरिष्ट काग्रेस नेता हरीश रावत ने कहा कि राज्य सरकार गरीब विशोधी है, दलित विरोधी है। यह अति पिछड़े वर्ग के भूमिहीनों के भी विरोध में है । हरीश रावत ने कहा कि उनकी सरकार ने 2015-16में लाखों ऐसे लोगों को जो लोग नदियों के नालों-खालों में, कुछ गरीब लोग वन पचायतो और ऐसी भूमि में जो वृक्ष विहीन वन भूमिं हैं,कहीं पर अबादी के क्षेत्र में उनमे बसे थे उनको मालिकाना हक दिया। तब उनकी सरकार ने कहा कि बह यदि विधिवत आवेदन करे ओर लगभग शुन्य शुल्क पर मालिकाना हक लेने की कार्रवाई की हजार लोगों की सरकार परिवर्तन के बाद वह परकिया रुक गई ऐेसे हजारों लोग आज बेदखली झेल रहे है। वह प्रशासनिक शोषण के शिकार हो रहे है । रावत ने कहा कि वह इस वर्तमान सरकार को गरीब विरोधी, दलित विरोधी, बताते हुए स्पष्ट कर देना चाहते है कि यादि उनकी सरकार के उस निर्णय को पूरी तरीके से क्रियान्कत नहीं किया गया तो हम अब आगे की आंदोलन की रूपरेखा में इस मुद्धे को प्रमुखता से उठाएंगे।
