उत्तराखंड (ऋषिकेश) 11 जुलाई 2025: चारधाम यात्रा में ऑफलाइन पंजीकरण करने वाले कर्मचारियों को नौकरी से हटाने के बाद भी भुगतान नहीं दिया गया। जिस कारण कर्मचारियों ने सहायक श्रमायुक्त कार्यालय पर रजिस्ट्रेशन कंपनी के खिलाफ प्रदर्शन कर मानदेय के भुगतान करने की मांग की।
इस संबंध में कर्मचारियों ने सहायक श्रमायुक्त को ज्ञापन भी सौंपा। जिस पर सहायक श्रमायुक्त ने दो दिन के भीतर एजेंसी को मानदेय का भुगतान करने के निर्देश दिए हैं। ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन कंपनी के आउटसोर्स कर्मचारी ने दो माह बाद भी वेतन का भुगतान नहीं होने पर जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों का आरोप है कि चारधाम यात्रा में ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन एजेंसी ने लगभग 100 कर्मचारियों से दो माह काम कराया। उन्हें वेतन नहीं दिया और नौकरी से भी हटा दिया। बताया कि अप्रैल में उन्हें ऋषिकेश के ट्रांजिट कैंप में तैनात दी गई थी, जिसमें न तो सप्ताहिक अवकाश दिया गया और न ही दो माह बाद भी वेतन का भुगतान किया गया। तनख्वाह देने की बजाय उन्हें नौकरी से भी निकाल दिया गया। बताया कि वेतन नहीं मिलने से उन्हें आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ रहा है। शिकायत के बावूजद रजिस्ट्रेशन एजेंसी के कर्मचारी वेतन भुगतान को राजी नहीं हैं।
सहायक श्रमायुक्त ने मौके से ही रजिस्ट्रेशन एजेंसी के ऋषिकेश प्रभारी को फोन लगाया। उन्हें दो दिन में कर्मचारियों को नियमानुसार वेतन भुगतान करने का अल्टीमेटम दिया। भुगतान नहीं होने पर उन्होंने एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी भी दी। इस मौके पर अजय सोनी, वंश लांबा, वेद गुसाईं, अर्पित, आदित्य, पंकज बिष्ट, आयुष राणा, सौरभ, कृष्णकांत, यश कुमार, सुमन, मिताली, सलमान, हिमांशु, अनुज, समीर, ध्रुव, कीर्ति आदि शामिल रहे।
