उत्तराखंड (देहरादून) 25 अप्रैल 2026: दिनांक 24-4-2026 को देहरादून के घंटाघर में रात्रि 10 बजे गृह मंत्रालय भारत सरकार के निर्देशानुसार मॉक ड्रिल का अभ्यास सिविल डिफेंस के तत्वाधान में किया गया। डी. जी. होमगार्डस एवं नागरिक सुरक्षा विभाग डॉ. पी.वी. के प्रसाद व उपनियंत्रक सिविल डिफेंस एस. के. साहू के निर्देशानुसार सिविल डिफेंस के वॉलिटियर द्वारा सक्रियता से मॉक ड्रिल में अपनी भूमिका का कुशलता से निर्वहन किया गया।
मॉक ड्रिल का प्रारम्भ ठीक रात्रि 10.5 बजे एलो सिग्नल के मिलने पर हुआ। जैसे ही 10.5 पर एलो सिग्नल की सूचना वायरलेस के द्वारा प्राप्त हुई आम नागरिकों को सूचित करने हेतु 10.5 पर सायरन बजाया गया। नोडल आफिसर व उनकी टीम द्वारा आस-पास के इलाकों में सीटी बजाकर व माइक द्वारा रेड सिग्नल का संकेत दिया गया। कंट्रोल रूम सूचना देकर पार्क व स्ट्रीट लाईटें बंद करायी गयी। तत्पश्चात ब्लैक आउट करवाया गया। यातायात रूकवाया गया व वाहनों की लाईटों को भी बंद कराया गया व दुकानों की लाईटों को भी बंद कराया गया साथ ही लोगों को सुरक्षित स्थानों में पहुंचाया गया।
रात्रि 10.35 पर कंट्रोल रूम द्वारा व्हाइट सिग्नल की सूचना प्राप्त हुई। आम नागरिकों को व्हाइट सिग्नल का संकेत देने हेतु 10.35 पर सायरन बजाये गये व लोगों को अन्य साधनों से सूचित किया गया। कंट्रोल रूम में उपस्थित UPCL कर्मचारियों से बिजली सुचारू करायी गयी। कंट्रोल रूम से होमगार्डस, ट्रैफिक पुलिस व सिविल डिफेंस के वॉलिएंटरों द्वारा ट्रैफिक बहाल करवाया गया। रेस्क्यू टीम व नोडल फर्स्ट एड टीम द्वारा सर्च एवं रेस्क्यू अभियान चलाया गया। सर्च एण्ड रेस्क्यू द्वारा आई.सी.ओ. को सूचित किया गया कि किसी भी प्रकार का बम, मिसाइल, ड्रोन की घटना नही हुई और न ही कोई बिल्डिंग ध्वस्त हुई। भगदड़ के कारण एक महिला का सीधे पांव में हल्की चोट लगी व दो लोगों को घबराहट के कारण मूर्छा आयी जिन्हें कारनेशन अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिलाकर घर भेज दिया गया।
मॉक ड्रिल को सफल बनाने हेतु आई.सी.ओ. विपिन चाचरा, आई.सी.ओ. नीरज उनियाल, पोस्ट वार्डन बीना उपाध्याय, पोस्ट वार्डन संदीप गुप्ता, पोस्ट वार्डन ममता नागर, उप पोस्ट वार्डन मीना शर्मा, सैक्टर वार्डन में चन्द्र मोहन अरोड़ा, डॉ. रूचिका पाहवा, कुलदीप सिंह, तनवीर सिंह, तनविंदर कौर, जय कुमार चौहान, उमाशंकर, राजेंद्र सिंह, अमर जैन, दीपक भट्ट, पृथ्वीराज क्षेत्री, आनन्द गुसांई, विनोद यादव, दमनप्रीत चड्ढा आदि ने अपनी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभायी।
