“माँ वह अनमोल छाया है, जिसके स्नेह और संस्कारों से बच्चे का भविष्य उज्ज्वल बनता है।”
उत्तराखंड (देहरादून) 8 मई 2026: दिल्ली पब्लिक स्कूल में मातृ दिवस बड़े हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर प्री-नर्सरी से कक्षा पाँचवीं तक के विद्यार्थियों की माताओं को आमंत्रित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं स्वागत गीत के साथ किया गया, जिसने पूरे वातावरण को भावनात्मक एवं आनंदमय बना दिया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों द्वारा मनमोहक संगीत एवं नृत्य प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिन्होंने सभी का दिल जीत लिया। माताओं के मनोरंजन के लिए विभिन्न रोचक खेलों का आयोजन भी किया गया, जिनमें रैम्प वॉक, न्यूज़पेपर डांस, स्टिकी डांस, गुब्बारा सफारी आदि प्रमुख रहे। विजेता माताओं को आकर्षक उपहार देकर सम्मानित किया गया।
आज के समय में बच्चों का बढ़ता झुकाव इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स की ओर चिंता का विषय बनता जा रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए विद्यालय द्वारा एक विशेषज्ञ सुश्री नेहा गुप्ता को आमंत्रित किया गया। विशेषज्ञ ने माताओं को बच्चों में बढ़ रही समस्याओं जैसे आँखों की कमजोरी, नींद की कमी, सिरदर्द आदि के कारणों एवं उनके समाधान के विषय में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की।
विद्यार्थियों ने अपनी माताओं के लिए सुंदर “टेक-अवे गिफ्ट” तैयार किए, जो कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहे। साथ ही सेल्फी कॉर्नर एवं टैटू कॉर्नर भी बनाए गए, जहाँ माताओं एवं बच्चों ने आनंदपूर्वक समय बिताया।
विद्यालय के प्रधानाचार्य महोदय श्री बी.के. सिंह ने अपने प्रेरणादायी संबोधन में माँ के जीवन में महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि माँ बच्चे की प्रथम गुरु होती है और उसके संस्कारों एवं व्यक्तित्व निर्माण में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
कार्यक्रम के अंत में सभी माताओं को उपहार एवं जलपान प्रदान किया गया। पूरा कार्यक्रम अत्यंत उत्साह, उमंग एवं गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ।
