उत्तराखंड (देहरादून) 23 अक्टूबर 2025: देवभूमि जल शक्ति कांट्रैक्टर वेलफेयर एसोसिएशन ने मंगलवार को चंदननगर स्थित अपने मुख्यालय में एक बैठक का आयोजन किया। इस बैठक में जल जीवन मिशन से जुड़े हुए सभी ठेकंदारों एवं काम करने वाले मजदूरों ने भाग लिया। बैठक में जल जीवन मिशन से जुड़े हुए सभी ठेकेदार और मजदूरों ने अपनी व्यथा बताई और संगठन के अध्यक्ष अमित अग्रवाल को बताया कि भारत देश का सबसे बड़ा पर्व दिवाली हैं। जिसमें सरकार अपने कर्मचारियों को बोनस इत्यादि सुविधाएँ प्रदान करती हैं, परन्तु हमने क्या गुनाह किया हैं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट जल जीवन मिशन के ठेकेदारों को जल जीवन मिशन के काम 90 प्रतिशत पूर्ण करने के चावजूद भी कोई भुगतान दिवाली पर नहीं किया गया। ठेकेदार और मजदूरों ने 24 घंटे एक करके तय समय के भीतर अपनी मेहनत और मजदूरों के सहयोग से सभी जगह पानी की व्यवस्था कराई और सरकार के दिए गए लक्ष्य को प्राप्त किया। परंतु नही प्रशासनिक अधिकारियों और ना ही कोई नेताओं ने इस पर गौर किया और जल जीवन मिशन से जुड़े हुए सभी ठेकेदार को पेमेंट रोक दी गई। ठेकेदारों को पेमेंट ना मिल पाने से मजदूर एवं जल जीवन से मिशन से जुड़े हुए सभी काम करने वाले लोगों को भुगतान नहीं किया गया एवं यह दिवाली सभी लोगों के लिए बड़ी ही कष्टकारी रही जिसमें मजदूरों ने अपने घर में ना ही दीप जला पाए और ना ही अपने बच्चों को मिठाई और पटाखे दिला पाएं।
