उत्तराखंड (देहरादून) 17 अक्टूबर 2025: भारतीय चिकित्सा परिषद उत्तराखंड के माध्यम से संचालित आयुर्वेद फार्मेसी कोर्स को अब विज्ञान संकाय (पीसीएम) के छात्र भी करेंगे। इसके लिए प्रदेश सरकार ने अनुमति दी है। अभी तक फार्मेसी के लिए शैक्षिक अर्हता बायोलॉजी (पीसीबी) अनिवार्य था।
परिषद ने शैक्षिक अर्हता में छूट देने के साथ ही शैक्षिक सत्र 2025-26 के लिए फार्मेसी, नर्सिंग, पंचकर्म सहायक, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा सहायक कोर्स में प्रवेश के लिए आवेदन की तिथि 30 अक्तूबर तक बढ़ा दी है। पहली बार इन कोर्सों में प्रवेश के लिए अधिकतम आयु सीमा 25 वर्ष से बढ़ा कर 42 वर्ष की गई।
भारतीय चिकित्सा परिषद की रजिस्ट्रार नर्वदा गुसाईं ने बताया कि 12 वीं कक्षा में भौतिक, रसायन विज्ञान, गणित (पीसीएम) से उत्तीर्ण छात्र पर आयुर्वेद फार्मेसी में दाखिले के लिए आवेदन कर सकते हैं। प्रदेश सरकार ने गणित विषय वाले छात्रों को फार्मेसी कोर्स करने की अनुमति दे दी है। अभी तक फार्मेसी कोर्स के लिए बायोलॉजी अनिवार्य था। उन्होंने बताया कि परिषद के माध्यम से 26 पैरामेडिकल कॉलेजों में फार्मेसी, नर्सिंग, पंचकर्म सहायक, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा सहायक कोर्स संचालित’ है। इनमें कुल सीटों की संख्या 3100 से अधिक है। जो छात्र प्रवेश के लिए आवेदन नहीं कर पाए हैं, वह 30 अक्तूबर तक आवेदन कर सकते हैं। इसके बाद काउंसलिंग के माध्यम से छात्रों को कॉलेज आवंटित किए जाएंगे।
