उत्तराखंड (टिहरी गढ़वाल) 17 अप्रैल 2026: केशव थलवाल मामले में न्यायालय की एकल पीठ ने महत्वपूर्ण आदेश जारी किए हैं। कोर्ट ने कहा कि सच्चाई सामने लाने के लिए मानसिक परीक्षण कराया जाए, ताकि मामले की हर परत स्पष्ट हो सके।
अदालत ने उस पुलिस चौकी की CCTV फुटेज की जांच के आदेश भी दिए हैं, जहां केशव ने अपने साथ अमानवीय व्यवहार होने का आरोप लगाया था। इससे घटना की वास्तविकता सामने आने की उम्मीद है। कोर्ट ने ये भी साफ किया कि विवादित वीडियो बनाकर माहौल बिगाड़ने की अनुमति नहीं होगी और मामले को लेकर भ्रामक जानकारी फैलाने पर रोक रहेगी।
गिरफ्तारी पर रोक
सबसे अहम बात यह रही कि अदालत ने केशव थलवाल की तत्काल गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। यह निर्णय निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिया गया है। केशव ने कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि “मुझे न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है… सच जरूर सामने आएगा।”
न्याय, अधिकार और सच्चाई की लड़ाई
यह केस केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि न्याय, अधिकार और सच्चाई की लड़ाई बन चुका है जिसमें पूरे राज्य की नजरें अब कोर्ट की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। केशव थलवाल मामले में अदालत का यह फैसला कई मायनों में अहम है। अब यह देखना होगा कि जांच के बाद सच्चाई सामने आती है या नहीं।
